दतिया उपचुनाव: हार के बाद CM मोहन यादव बोले- जनता का फैसला स्वीकार है
दतिया उपचुनाव में भाजपा की हार के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि जनता का फैसला शिरोधार्य है। कांग्रेस के घनश्याम सिंह ने भाजपा के आशुतोष तिवारी को 6,016 वोटों से हराया।


भोपाल/दतिया। मध्य प्रदेश की दतिया विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव में भाजपा को मिली हार के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव> की पहली प्रतिक्रिया सामने आई है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में जनता का फैसला सर्वोपरि होता है और भाजपा उसे पूरी विनम्रता के साथ स्वीकार करती है। साथ ही उन्होंने भरोसा जताया कि पार्टी आने वाले चुनाव और अधिक मजबूती के साथ लड़ेगी और जीत हासिल करेगी।
"जनता के फैसले को शिरोधार्य करते हैं"
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा,
"कांग्रेस की सीट कांग्रेस के पास है। पिछले विधानसभा चुनाव की तुलना में हमें लगभग 1,700 वोट अधिक मिले हैं। लोकतंत्र में जनता ने जो निर्णय दिया है, हम उसे शिरोधार्य करते हैं। आने वाले चुनाव में और ताकत से लड़ेंगे और जीतेंगे।"
उन्होंने कहा कि भाजपा को जनता का लगातार विश्वास मिलता रहा है और इसका प्रमाण पिछले चुनावों के परिणाम हैं।
भाजपा ने गिनाए अपने चुनावी रिकॉर्ड
मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले विधानसभा चुनाव के बाद भाजपा ने मध्य प्रदेश की सभी 29 लोकसभा सीटों पर जीत दर्ज की, जो राज्य के इतिहास में पहली बार हुआ। उन्होंने यह भी कहा कि—
बुधनी विधानसभा उपचुनाव में भाजपा ने अपनी सीट बरकरार रखी।
अमरवाड़ा की कांग्रेस सीट भाजपा ने जीती।
तीनों राज्यसभा चुनावों में भी भाजपा को सफलता मिली।
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में सभी दल अपनी-अपनी बात जनता के सामने रखते हैं और अंतिम निर्णय मतदाता का होता है।
कांग्रेस प्रत्याशी घनश्याम सिंह की जीत
दतिया विधानसभा उपचुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार कुंवर घनश्याम सिंह ने भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी को 6,016 मतों से हराकर जीत दर्ज की।
यह उपचुनाव कांग्रेस विधायक राजेंद्र भारती की विधानसभा सदस्यता समाप्त होने के बाद कराया गया था। उनकी सदस्यता दिल्ली की एक अदालत द्वारा धोखाधड़ी के एक मामले में तीन वर्ष की सजा सुनाए जाने के बाद समाप्त हुई थी।
नरोत्तम मिश्रा की जगह उतारे गए थे आशुतोष तिवारी
वर्ष 2023 के विधानसभा चुनाव में राजेंद्र भारती ने भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा को हराया था। इस बार भाजपा ने नरोत्तम मिश्रा की जगह आशुतोष तिवारी को उम्मीदवार बनाया, लेकिन पार्टी सीट बचाने में सफल नहीं हो सकी।
कांग्रेस ने बताया 2028 का संकेत
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने इस जीत को दतिया की जनता की जीत बताते हुए कहा कि यह 2028 के विधानसभा चुनाव का शंखनाद है। उन्होंने आरोप लगाया कि जनता ने भाजपा सरकार के अहंकार और भ्रष्टाचार के खिलाफ अपना जनादेश दिया है।