लोकसभा में एंटी-पेपर लीक बिल पर बहस: तेजस्वी सूर्या बोले- छात्रों को राजनीति नहीं, समाधान चाहिए
लोकसभा में एंटी-पेपर लीक बिल पर बहस के दौरान भाजपा सांसद तेजस्वी सूर्या ने कहा कि छात्रों को राजनीति नहीं, समाधान चाहिए। सरकार ने परीक्षा प्रणाली को मजबूत बनाने के लिए कई सुधारों की जानकारी दी।


नई दिल्ली। लोकसभा में एंटी-पेपर लीक बिल पर चर्चा के दौरान भाजपा सांसद तेजस्वी सूर्या ने कहा कि देश के करोड़ों छात्र राजनीति नहीं, बल्कि परीक्षा प्रणाली का स्थायी समाधान चाहते हैं। उन्होंने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं में पारदर्शिता और निष्पक्षता सामान्य परिवारों के युवाओं के लिए आगे बढ़ने का सबसे महत्वपूर्ण माध्यम है, इसलिए परीक्षा व्यवस्था को पूरी तरह सुरक्षित बनाना समय की आवश्यकता है।
'न्याय, सुरक्षा और सुधार' की नीति पर काम कर रही सरकार
तेजस्वी सूर्या ने कहा कि मोदी सरकार पेपर लीक जैसी घटनाओं से निपटने के लिए 'जस्टिस, प्रोटेक्शन और रिफॉर्म' की रणनीति पर काम कर रही है। उनके अनुसार, पेपर लीक के मामलों में सीबीआई जांच, एफआईआर दर्ज करने और आरोपियों की त्वरित गिरफ्तारी जैसे कदम उठाए गए हैं।
उन्होंने कहा कि सरकार ने यह भी सुनिश्चित किया कि छात्रों का शैक्षणिक सत्र प्रभावित न हो। इसी उद्देश्य से नीट परीक्षा दोबारा रिकॉर्ड समय में आयोजित कराई गई। उन्होंने दावा किया कि सरकार केवल दोषियों को सजा देने तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरे परीक्षा तंत्र में व्यापक सुधार लागू कर रही है।
CBT परीक्षाओं को मिलेगा बढ़ावा
भाजपा सांसद ने बताया कि भविष्य में कंप्यूटर आधारित परीक्षाओं (CBT) को अधिक बढ़ावा दिया जाएगा। इसके साथ ही परीक्षा प्रणाली में शुरुआत से लेकर परिणाम तक सुधार के लिए एक उच्चस्तरीय समिति का गठन किया गया है, ताकि भर्ती और प्रवेश परीक्षाओं को अधिक सुरक्षित और पारदर्शी बनाया जा सके।
"युवाओं को समाधान चाहिए"
तेजस्वी सूर्या ने कहा कि देशभर के युवा संसद की कार्यवाही पर नजर रखे हुए हैं। उनका कहना है कि छात्रों को इस बात से कोई मतलब नहीं कि किस सरकार के कार्यकाल में क्या हुआ। वे केवल यह जानना चाहते हैं कि भविष्य में पेपर लीक कैसे रोका जाएगा और उनकी मेहनत तथा करियर की सुरक्षा कैसे सुनिश्चित होगी।
प्रियंका गांधी ने सरकार पर साधा निशाना
इससे पहले कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा ने सरकार पर हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि पिछले 10 वर्षों में देशभर में 152 पेपर लीक की घटनाएं हुईं, लेकिन बड़े पेपर लीक नेटवर्क के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने नीट अभ्यर्थियों के प्रदर्शन के दौरान पुलिस कार्रवाई पर भी सवाल उठाते हुए पूछा कि छात्रों पर पैलेट गन चलाने का आदेश किसने दिया।
संसद में जारी रही तीखी बहस
एंटी-पेपर लीक बिल को लेकर लोकसभा में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस देखने को मिली। सरकार का कहना है कि नया कानून परीक्षा प्रणाली को अधिक सुरक्षित और पारदर्शी बनाएगा, जबकि विपक्ष ने कानून के साथ-साथ उसके प्रभावी क्रियान्वयन और पेपर लीक मामलों में जवाबदेही सुनिश्चित करने की मांग उठाई। आने वाले दिनों में इस विधेयक पर संसद में विस्तृत चर्चा और निर्णय की संभावना है।
