सर्पदंश से मौत पर आर्थिक सहायता का प्रकरण तत्काल तैयार करें: संभाग आयुक्त
माखन नगर थाने के निरीक्षण में आवेदक की समस्या पर तत्काल कार्रवाई के निर्देश, आईजी बोले—पीएम रिपोर्ट के लिए अनावश्यक परेशान न हों


नर्मदापुरम/माखन नगर। मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के अंतर्गत संभाग आयुक्त श्रीकांत बनोठ और नर्मदापुरम आईजी चंद्रशेखर सोलंकी ने शुक्रवार को माखन नगर थाने का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान अधिकारियों ने थाने पहुंचे आवेदकों से सीधे चर्चा कर उनकी समस्याएं जानीं और संबंधित अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान एक आवेदक ने अधिकारियों को बताया कि उसकी पत्नी की सर्पदंश से मृत्यु हुई है और वह पोस्टमार्टम रिपोर्ट प्राप्त करने के लिए थाने आया है। मामले को गंभीरता से लेते हुए आईजी सोलंकी ने संबंधित अधिकारियों से कंप्यूटर के माध्यम से पीएम रिपोर्ट की प्रक्रिया की जानकारी ली और आवेदक को रिपोर्ट उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
आईजी ने अधिकारियों से कहा कि किसी भी आवेदक को आवश्यक दस्तावेज प्राप्त करने के लिए अनावश्यक रूप से परेशान न होना पड़े। ऑनलाइन व्यवस्था होने के बावजूद यदि किसी तकनीकी या प्रक्रियागत कारण से समस्या आती है तो उसका तत्काल समाधान किया जाए।
सर्पदंश से मृत्यु पर सहायता का प्रकरण तैयार करने के निर्देश
आवेदक की समस्या सुनने के बाद संभाग आयुक्त श्रीकांत बनोठ ने संबंधित तहसीलदार को निर्देश दिए कि सर्पदंश से मृत्यु के प्रकरण में आरबीसी 6(4) के तहत आर्थिक सहायता का प्रकरण तत्काल तैयार कर नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
संभाग आयुक्त ने कहा कि पात्र हितग्राही को शासन की सहायता का लाभ समय पर मिले, इसके लिए प्रकरण तैयार करने में अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए।
जब्त वाहनों को व्यवस्थित रखने के निर्देश
थाने के निरीक्षण के दौरान आईजी सोलंकी ने परिसर में रखे जब्त वाहनों की स्थिति का भी जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को जब्त वाहनों को व्यवस्थित तरीके से रखने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि यदि थाना परिसर में पर्याप्त जगह उपलब्ध नहीं है तो आवश्यकता के अनुसार जब्त वाहनों को पुलिस लाइन अथवा अन्य निर्धारित सुरक्षित स्थान पर व्यवस्थित रूप से रखा जाए, ताकि थाने की व्यवस्थाएं प्रभावित न हों।
आवेदकों को तत्काल सुविधा देने पर जोर
संभाग आयुक्त और आईजी ने थाना परिसर की अन्य व्यवस्थाओं का भी निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि थाने में आने वाले प्रत्येक आवेदक की समस्या को गंभीरता से सुना जाए और उसके आवेदन पर यथासंभव तत्काल कार्रवाई की जाए।
अधिकारियों ने कहा कि वर्तमान समय में अधिकांश सरकारी और पुलिस संबंधी व्यवस्थाएं ऑनलाइन हो चुकी हैं। ऐसे में तकनीकी अथवा प्रक्रियागत कारणों से किसी नागरिक को अनावश्यक रूप से परेशान नहीं होना चाहिए।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि थाने में आने वाले प्रत्येक व्यक्ति को आवश्यक जानकारी और सुविधा उपलब्ध कराते हुए नियमानुसार त्वरित सहायता सुनिश्चित की जाए।
मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के तहत हुए इस निरीक्षण में अधिकारियों ने पुलिस व्यवस्था के साथ-साथ आम नागरिकों को मिलने वाली सेवाओं को सरल, पारदर्शी और त्वरित बनाने पर विशेष जोर दिया।