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सागर · 21-08-2026

सागर में ऑटो चालक के घर से मिले 3 करोड़ से ज्यादा कैश की लोकायुक्त जांच शुरू, SIT गठित

सागर के गोपालगंज में ऑटो चालक के घर से मिले 3.02 करोड़ रुपये के मामले की लोकायुक्त ने जांच शुरू की। पांच सदस्यीय SIT गठित, PWD इंजीनियर की संपत्ति भी जांच के दायरे में।

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समाचार डेस्क · 21-08-2026
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सागर में ऑटो चालक के घर से मिले 3 करोड़ से ज्यादा कैश की लोकायुक्त जांच शुरू, SIT गठित

सागर। सागर के गोपालगंज थाना क्षेत्र में ऑटो चालक के घर से बरामद हुई 3 करोड़ 2 लाख रुपये से अधिक की नकद राशि का मामला अब लोकायुक्त के हाथों में पहुंच गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए लोकायुक्त ने पांच सदस्यीय विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया है। टीम नकदी के स्रोत से लेकर इसके वास्तविक मालिक और पूरे मामले से जुड़े लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।

PWD इंजीनियर का नाम सामने आने से बढ़ी गंभीरता

लोकायुक्त एसपी दुर्गेश राठौर के अनुसार, जांच के दौरान पीडब्ल्यूडी इंजीनियर रमेश अहिरवार का नाम सामने आया है। लोकायुक्त टीम इंजीनियर की संपत्ति, आय के स्रोत और मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है।

वहीं, पुलिस द्वारा जब्त की गई करोड़ों रुपये की नकदी को भी लोकायुक्त टीम जल्द अपने कब्जे में लेकर आगे की जांच करेगी। इसके बाद रकम के स्रोत और इससे जुड़े वित्तीय लेनदेन की पड़ताल तेज होने की संभावना है।

16 अगस्त को घर से मिली थी करोड़ों की नकदी

गौरतलब है कि 16 अगस्त को गोपालगंज थाना पुलिस ने ऑटो चालक सौरभ अहिरवार के घर पर कार्रवाई की थी। इस दौरान पुलिस को 3 करोड़ 2 लाख रुपये से अधिक नकद बरामद हुए थे।

एक ऑटो चालक के घर से इतनी बड़ी रकम मिलने के बाद मामले ने गंभीर सवाल खड़े कर दिए थे। इतनी बड़ी नकदी घर तक कैसे पहुंची, इसका वास्तविक मालिक कौन है और रकम का स्रोत क्या है—इन सवालों के जवाब अब जांच का प्रमुख हिस्सा हैं।

कार्रवाई में देरी पर भी उठे सवाल

करोड़ों रुपये की बरामदगी के बाद मामले में कार्रवाई को लेकर भी सवाल उठ रहे थे। जांच आगे बढ़ने में हुई देरी के बीच अब लोकायुक्त द्वारा SIT गठित किए जाने से मामले में तेजी आने की उम्मीद है।

नकदी के स्रोत और असली मालिक की तलाश

लोकायुक्त की पांच सदस्यीय टीम अब पूरे मामले की कड़ियां जोड़ने में जुट गई है। जांच में मुख्य रूप से नकदी के स्रोत, रकम के वास्तविक मालिक, पीडब्ल्यूडी इंजीनियर से संभावित संबंध और अन्य संदिग्ध लोगों की भूमिका की पड़ताल की जा रही है।

फिलहाल जांच जारी है। लोकायुक्त की जांच आगे बढ़ने के साथ इस करोड़ों की नकदी के मामले में कई महत्वपूर्ण खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।

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