Shahdol : भारी बारिश के चलते उफान पर मुड़ना नदी, शहडोल से बांधवगढ़ जाने वाला मार्ग बंद,कई गांवों का संपर्क टूटा
उफान पर मुड़ना नदी शहडोल जिले में लगातार तीन दिनों से हो रही बरसात से लोग बेहाल हो गए हैं। कई गांव का संपर्क टूट गया है। शहडोल से बांधवगढ़ जाने वाला रास्ता बंद हो गया है। बीती रात से ही मुड़ना नदी उफान पर है। पुल से पांच फीट ऊपर पानी बहने की वजह से दोनों तरफ…


उफान पर मुड़ना नदी
शहडोल जिले में लगातार तीन दिनों से हो रही बरसात से लोग बेहाल हो गए हैं। कई गांव का संपर्क टूट गया है। शहडोल से बांधवगढ़ जाने वाला रास्ता बंद हो गया है। बीती रात से ही मुड़ना नदी उफान पर है। पुल से पांच फीट ऊपर पानी बहने की वजह से दोनों तरफ पुलिस बल तैनात है और आवागमन को रोक दिया गया है।
शहडोल कोनी होकर मानपुर और बांधवगढ़ को जोड़ने वाला मुख्य मार्ग बीती रात से ही बंद कर दिया गया। पुल से पांच फीट ऊपर पानी होने की वजह से लोग अब पानी उतरने का इंतजार कर रहे हैं बीती रात से ही मार्ग में जाम की स्थिति बन गई है, पुलिस ने यातायात पूरी तरह से बंद कर दिया है। सुरक्षा के लिए पुल के दोनों तरफ पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है।
छह साल से बन रहा बड़ा पुल अभी भी अधूरी
शहडोल से बांधवगढ़ पहुंच मार्ग हमेशा बारिश के मौसम में बंद हो जाता है, जिसको लेकर आसपास के लोगों ने इसका कई बार विरोध किया। छह साल से बड़े पुल का काम चल रहा है, लेकिन पुल अभी भी अधूरा है। पुराने पुल पर पानी आ जाने की वजह से शहडोल से बांधवगढ़ जाने वाले यात्री और बांधवगढ़ से शहडोल की ओर आने वाले यात्री एवं फंस गए हैं।
तीन गांवों के लोग फंसे
स्थानीय निवासी जगन खान ने बताया कि शहडोल से बांधवगढ़ जाने वाले मार्ग पर मुड़ना नदी उफान पर है, जिसकी वजह से शहडोल की ओर निकल पाना तीन गांव के लोगों के लिए नामुमकिन सा है, तो वहीं, मानपुर की ओर जाने के लिए बसाड़ नदी उफान पर है। तीन गांव के लोग उसी गांव में ही सीमित रह गए हैं। जब तक पानी पुल से नीचे नहीं उतरता, तब तक गांव के लोगों को पानी उतरने का इंतजार करना पड़ता है। हालांकि यह पहला मौका नहीं है। हर वर्ष इसी तरह से जब दोनों ओर की नदियां उफान पर रहती हैं तो मेडकी, बकेली ओर बड़वाही गांव के लोग वहीं फंस जाते हैं। वे ना तो शहडोल आ पा रहे हैं और ना ही मानपुर की ओर जा पा रहे हैं। छह साल से बन रहा पुल अभी तक पूरा नहीं हुआ है, जिससे लोग और भी परेशान हैं।
