नर्मदापुरम। सोमेश मिश्रा ने जिले में संचालित गेहूं उपार्जन कार्य को लेकर सख्त निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने कहा कि शासन के निर्देशों के अनुरूप ही समर्थन मूल्य पर खरीदी सुनिश्चित की जाए तथा परिवहन और उठाव व्यवस्था में निरंतरता बनी रहनी चाहिए।
जिला उपार्जन समिति की बैठक के दौरान कलेक्टर ने सभी संबंधित अधिकारियों-कर्मचारियों को निर्देशित किया कि उपार्जन कार्य से जुड़े दिशा-निर्देशों को क्रमवार और विस्तारपूर्वक सभी तक पहुंचाया जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी और व्यवस्थाएं पूरी तरह चाक-चौबंद रहनी चाहिए।
बैठक में कलेक्टर ने कानून एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने पर विशेष जोर देते हुए कहा कि प्रत्येक विकासखंड में उपार्जन कार्य सुचारू रूप से संचालित हो और किसानों को किसी प्रकार की परेशानी न हो। किसानों को स्लॉट बुकिंग सहित अन्य जरूरी जानकारी समय-समय पर एसएमएस के माध्यम से उपलब्ध कराई जाए।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान को ध्यान में रखते हुए कलेक्टर ने अधिकारियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अचानक मौसम परिवर्तन की स्थिति में उपार्जित गेहूं को सुरक्षित रखने के लिए तिरपाल, शेड सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं पहले से सुनिश्चित की जाएं।
परिवहन और उठाव व्यवस्था पर जोर देते हुए कलेक्टर ने कहा कि उपार्जित स्कंध का नियमित परिवहन जारी रहे। इसके लिए अनुबंधित परिवहन फर्मों के वाहनों की उपलब्धता का आकलन किया जाए और उनके रोटेशन की निरंतर मॉनिटरिंग की जाए।
उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि गेहूं की तुलाई, उठाव और स्टैकिंग के लिए हम्मालों एवं संसाधनों की किसी प्रकार की कमी न हो। किसानों को उपज विक्रय के बाद समय पर भुगतान सुनिश्चित करने के लिए जिला एवं खंड स्तरीय समितियां नियमित निगरानी करें।
कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि सभी उपार्जन केंद्रों पर शासन के दिशा-निर्देशों के अनुसार ही खरीदी हो तथा केवल एफएक्यू (उचित औसत गुणवत्ता) स्तर के गेहूं का ही उपार्जन किया जाए।
बैठक में डिप्टी कलेक्टर एवं प्रभारी जिला आपूर्ति अधिकारी नीता कोरी, उपसंचालक कृषि रविकांत सिंह, डीआरसीएस शिवम मिश्रा सहित जिला उपार्जन समिति के अन्य सदस्य अधिकारी उपस्थित रहे।