माखननगर में सचिव का मोबाइल हैक, साइबर क्राइम में शिकायत दर्ज

माखननगर। डिजिटल ठगी के बढ़ते मामलों के बीच अब साइबर अपराधियों ने Bank of India के नाम का सहारा लेकर लोगों को निशाना बनाना शुरू कर दिया है। क्षेत्र में WhatsApp के माध्यम से “KYC अपडेट” के नाम पर संदिग्ध APK फाइल्स भेजी जा रही हैं, जिन्हें डाउनलोड करते ही मोबाइल हैक होने का खतरा बढ़ जाता है।
ताजा मामला माखननगर क्षेत्र से सामने आया है, जहां एक सचिव का मोबाइल साइबर ठगों के निशाने पर आ गया। जानकारी के अनुसार सचिव आनंद गिरी के मोबाइल से उनके परिचितों और संपर्क सूची में मौजूद लोगों को संदिग्ध लिंक और APK फाइल्स भेजी जा रही थीं।
आनंद गिरी ने बताया कि उनके मोबाइल से बिना जानकारी के लोगों को मैसेज और लिंक भेजे जाने लगे, जिसके बाद उन्हें मोबाइल हैक होने की आशंका हुई। मामले की गंभीरता को देखते हुए उन्होंने तत्काल साइबर क्राइम में शिकायत दर्ज कराई है।
साइबर विशेषज्ञों के अनुसार APK फाइल्स एंड्रॉइड एप्लिकेशन इंस्टॉल करने की फाइल होती हैं। ठग इन्हें बैंक KYC अपडेट, अकाउंट बंद होने की चेतावनी या रिवॉर्ड ऑफर जैसे मैसेज के जरिए भेजते हैं। जैसे ही कोई व्यक्ति इस फाइल को डाउनलोड और इंस्टॉल करता है, मोबाइल का एक्सेस साइबर अपराधियों तक पहुंच सकता है। इसके बाद बैंकिंग जानकारी, OTP, कॉन्टैक्ट और निजी डाटा चोरी होने का खतरा बढ़ जाता है।
विशेषज्ञों ने लोगों को सलाह दी है कि किसी भी अनजान लिंक, APK फाइल या WhatsApp मैसेज पर भरोसा न करें। बैंक कभी भी KYC अपडेट के लिए WhatsApp पर APK फाइल डाउनलोड करने के निर्देश नहीं देते।
क्या रखें सावधानी
किसी भी अनजान APK फाइल को डाउनलोड न करें
केवल Google Play Store से ही ऐप इंस्टॉल करें
WhatsApp पर आए संदिग्ध लिंक तुरंत डिलीट करें
किसी के साथ OTP या बैंक डिटेल साझा न करें
मोबाइल में एंटीवायरस और सिक्योरिटी अपडेट सक्रिय रखें
संदिग्ध गतिविधि दिखने पर तुरंत साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत करें
माखननगर क्षेत्र में सामने आए इस मामले ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। साइबर ठग लगातार नए तरीकों से लोगों को निशाना बना रहे हैं, ऐसे में थोड़ी सी लापरवाही भारी आर्थिक नुकसान का कारण बन सकती है।