उमरिया। जिले की जनपद पंचायत करकेली अंतर्गत ग्राम पठारी में चैत्र नवरात्रि के पावन अवसर पर आयोजित कलश विसर्जन कार्यक्रम उस समय गम में बदल गया, जब भक्ति और उत्साह के बीच एक युवक की अचानक मौत हो गई। घटना के बाद पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम पठारी निवासी 40 वर्षीय रामगरीब कोल धार्मिक आयोजन में काली माता का स्वरूप धारण कर पारंपरिक नृत्य प्रस्तुत कर रहे थे। बैंड-बाजों की गूंज, ढोल-नगाड़ों की थाप और श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के बीच उनका प्रदर्शन पूरे जोश और आस्था के साथ चल रहा था। लोग उनकी प्रस्तुति देखकर भाव-विभोर हो रहे थे और माहौल पूरी तरह भक्तिमय बना हुआ था।
इसी दौरान अचानक मंच पर नृत्य करते-करते रामगरीब कोल लड़खड़ाए और देखते ही देखते जमीन पर गिर पड़े। शुरुआत में मौजूद लोगों को लगा कि यह भी उनके अभिनय का हिस्सा है, लेकिन जब वे काफी देर तक नहीं उठे तो वहां अफरा-तफरी मच गई। मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने तुरंत उन्हें उठाने और संभालने की कोशिश की, लेकिन तब तक स्थिति गंभीर हो चुकी थी।
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ग्रामीणों के अनुसार उन्हें तत्काल अस्पताल ले जाने की तैयारी की गई, लेकिन प्रारंभिक जानकारी में ही उनकी मृत्यु की पुष्टि हो गई। डॉक्टरों ने शुरुआती तौर पर हृदयाघात को मौत का संभावित कारण बताया है। घटना के बाद जहां कुछ समय पहले तक भक्ति और उत्साह का माहौल था, वहीं अचानक सन्नाटा पसर गया और कार्यक्रम को बीच में ही रोकना पड़ा।
बताया जा रहा है कि रामगरीब कोल गांव में होने वाले धार्मिक आयोजनों में हमेशा सक्रिय रहते थे और हर वर्ष काली नृत्य की प्रस्तुति देकर लोगों को आकर्षित करते थे। उनकी इस तरह अचानक हुई मौत से परिवार के साथ-साथ पूरा गांव स्तब्ध और दुखी है।
घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसे देखकर लोग हैरानी के साथ गहरा दुख व्यक्त कर रहे हैं। यह घटना एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर करती है कि जीवन कितना अनिश्चित है, जहां खुशियों के बीच भी पल भर में सब कुछ बदल सकता है।