Bhagalpur News : जिला अंडर 16 क्रिकेट टीम घोषित, ओम केशव बने कैप्टन

बिहार क्रिकेट एसोसिएशन की ओर से हाेने वाली अंतर जिला अंडर-16 क्रिकेट टूर्नामेंट के लिए भागलपुर की टीम की घोषणा शुक्रवार को कर दी गयी. टीम का चयन मो हसन खान, मो मेहताब मेहंदी व जयंतो राज की देखरेख में किया गया. सभी खिलाड़ी प्रतियाेगिता में भाग लेने के लिए जमुई रवाना हो चुके हैं. टीम का कप्तान ओम केशव काे बनाया गया है. टीम के अन्य सदस्यों में अर्णव आरव, आरव राज, सैयद अली, आदित्य राज, अमन कुमार, मो. सद्दाम अहमद, अभिषेक कुमार, अमीर अली, विराज कुमार, आदित्य किशन, आदित्य कुमार, सोनू कुमार, मोहित राज सिंह, शोएब, शिव आरव अवस्थी, यश राज, खालिद, हरेंद्र पांडेय, लक्ष्य शांडिल्य शामिल हैं. टीम का कोच संजय कुमार को बनाया गया है. भागलपुर की टीम अपना पहला मैच दाे जून को जमुई के खिलाफ खेलेगी.

टीएमबीयू की बॉल बैडमिंटन टीम कर रही अच्छा प्रदर्शन

चेन्नई में चल रहे इंटर यूनिवर्सिटी बॉल बैडमिंटन प्रतियोगिता में टीएमबीयू की टीम अच्छा प्रदर्शन कर रही है. टीएमबीयू की भिड़त पहले मैच में बीएनयू कोलार कर्नाटक की टीम से हुआ. यह मैच टीएमबीयू ने 32-35, 35-28, 35-26 से जीत लिया. तीन सेट के लिए मुकाबले में पहला सेट टीएमबीयू हार गयी, लेकिन मैच में वापसी करते हुए टीम ने दूसरा और तीसरा सेट जीतकर मैच अपने नाम किया. शुक्रवार को टीएमबीयू का मुकाबला दूसरे मैच में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए एमएसयू तिरुनेलवल्ली तमिलनाडु को तीन सेटों के मुकाबले में हराया है. टीएमबीयू ने 35-29, 30-35, 35-26 अंकों से हराकर जीत हासिल की है. इसके साथ ही वह अगले मैच के लिए क्वालिफाई कर गयी है. शनिवार को टीएमबीयू की भिड़त कर्नाटक विश्वविद्यालय कर्नाटक से होगा. यह जानकारी विवि खेल सचिव डॉ संजय कुमार जायसवाल ने दी है.




Bihar News: सीवान में आग लगने से फायर फाइटर कांस्टेबल की मौत, नौतन में आग लगने से सीवान में इमारत गिरी

Bihar News: Fire fighter constable died in siwan fire mishap, building collapse in siwan due to fire in nautan

अग्निशमन विभाग के हवलदार की आग में जलकर मौत।

सीवान में घर में भीषण आग लग गई। आग बुझाने गए अग्निशमन विभाग के हवलदार इसकी चपेट में आ गए। गंभीर रूप से झुलसने से उनकी मौत हो गई। घटना नौतन मुख्य बाजार इलाके की है। बताया जा रहा है कि एक मकान में मौजूद आरा मशीन में आग लग गई। आग देखते ही देखते पूरे मकान में फैल गई। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। आसपास के लोगों की भीड़ लग गई।

जलती आग में गिर गए रविकांत मंडल्

इधर, सूचना मिलते ही पुलिस और अग्निशमन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। आग इतनी भयंकर थी कि दमकल की पांच गाड़ियों को बुलाया गया। इसी दौरान हवलदार रविकांत मंडल (40) घर की छत पर चढ़कर आग बुझाने में जुट गए। भीषण आग के कारण छत का टूटकर गिर गई। रविकांत जब तक संभलते तब तक वह भी जलती आग में गिर गए। आग की लपटें इतनी तेज थी कि रविकांत बुरी तरह झुलस गए। अग्निशमन कर्मियों ने जब तक आग पर काबू पाया तब तक रविकांत की मौत हो चुकी थी।

शॉर्ट सर्किट से लगी थी आग

स्थानीय लोगों का कहना है कि अग्निशमन की टीम आग पर काबू पाने की कोशिश कर रही रही थी। अचानक एक दमकल की गाड़ी का पानी खत्म हो गया था। इसी दौरान यह हादसा हुआ। स्थानीय लोगो ने बताया कि शॉर्ट सर्किट के कारण आरा मशीन सहित मकान में आग लगी गई। इससे लाखों का संपत्ति जल कर राख हो गई। कड़ी मशक्कत के बाद फायर ब्रिगेड की टीम ने आग पर काबू पाया।




बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री सुशील मोदी का निधन, कल पटना लाया जाएगा पार्थिव शरीर, कैंसर से थे पीड़ित

बिहार के पूर्व डिप्टी सीएम और भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता सुशील मोदी का सोमवार की देर रात निधन हो गया है. वो लंबे वक्त से कैंसर की बीमारी से पीड़ित थे. नई दिल्ली के अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) में उनका इलाज चल रहा था. जहां इलाज के दौरान उनका निधन हो गया. लोकसभा चुनाव के दौरान उन्होंने अपनी इस बीमारी का खुलासा सोशल मीडिया पर खुलासा किया था. मंगलवार की सुबह पटना स्थित आवास पर उनका पार्थिव शरीर लाया जायेगा. सुशील मोदी के निधन के बाद बिहार के सियासी गलियारों में शोक की लहर दौर गई है.

सुशील मोदी ने सोशल मीडिया पर दी थी कैंसर होने की जानकारी

सुशील मोदी ने तीन अप्रैल को सोशल मीडिया एक्स पर जानकारी देते हुए लिखा था कि पिछले 6 माह से कैंसर से संघर्ष कर रहा हूं. अब लगा कि लोगों को बताने का समय आ गया है. लोक सभा चुनाव में कुछ कर नहीं पाऊंगा. पीएम को सब कुछ बता दिया है. देश, बिहार और पार्टी का सदा आभार और सदैव समर्पित.

सुशील मोदी ने जेपी आंदोलन से राजनीति में रखा था कदम

सुशील मोदी ने जेपी के छात्र आंदोलन से सक्रिय राजनीति में कदम रखा था. बाद में पटना मध्य से विधायक भागलपुर से सांसद तथा बाद में राज्यसभा के सदस्य हुए. 2010 में वे पहली बार नीतीश कुमार के साथ उप मुख्यमंत्री बने थे. इसके बाद 2005 के नवंबर में जब बिहार में एनडीए की सरकार बनी तो सुशील कुमार मोदी उप मुख्यमंत्री बनाये गये. वे लंबे समय तक राज्य के उप मुख्यमंत्री रहे. उनके निधन से भाजपा और राज्य को अपूरणीय क्षति हुई है.

विजय सिन्हा ने शोक संवेदना व्यक्त की

उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने शोक व्यक्त करते हुए कहा कि सुशील मोदी जी अब हमारे बीच नहीं रहे. यह संपूर्ण भाजपा संगठनात्मक परिवार के साथ-साथ मेरे जैसे अनगिनत कार्यकर्ताओं के लिए एक अपूरणीय क्षति है. उन्हें उनके संगठनात्मक कौशल, प्रशासनिक समझ और सामाजिक-राजनीतिक विषयों पर उनके गहन ज्ञान के लिए हमेशा याद किया जाएगा.

ईश्वर दिवंगत आत्मा को चिर शांति और परिवार को दुःख की इस घड़ी में शक्ति प्रदान करें.

गिरिराज सिंह ने जताया दुख

केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि हमारे परिवार के वरिष्ठ सदस्य सुशील मोदी जी का निधन हो गया है. यह हम सभी के लिए किसी बड़े सदमे से कम नहीं है. बिहार भाजपा और बिहार को आगे बढ़ाने में उनके योगदान को भाजपा और बिहार कभी नहीं भूलेगा. इस कठिन समय में उनके परिवार और उनको चाहने वालों के प्रति मेरी हार्दिक संवेदनाएं.




Bihar News: बांका में अजब-गजब लव का मामला; ससुर ने अपनी पत्नी के साथ दामाद की शादी करवा दी

Bihar News: Marriage of mother-in-law and son-in-law in Banka; Father-in-law, love marriage; love affair

ग्रामीणों के सामने दोनों की शादी करवा दी गई।

बांका में अजब-गजब लव का मामला सामने आया है। दामाद को अपनी सास से प्यार हो गया। दोनों के बीच इश्क परवाने चढ़ने लगा। इसकी भनक जब ससुर को लगी तो उसने अपनी पत्नी के साथ दामाद की शादी करवा दी। आज पूरे जिले में यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। मामला बांका थाना अंतर्गत छत्रपाल पंचायत के हीर मोती गांव का है।

दिलेश्वर ने अपनी पत्नी और दामाद काे कोर्ट मैरिज भी करवा दिया

बताया जा रहा है कि 55 वर्षीय दिलेश्वर दर्वे की 45 वर्षीय पत्नी गीता देवी का उसके दामाद सिंकदर यादव (कटोरिया थाना क्षेत्र के धोवनी गांव निवासी) से प्रेम-प्रसंग चल रहा था। पत्नी के निधन के बाद दामाद अपने ससुराल में ही रहने लगा। इसी दौरान सास और दामाद एक-दूसरे के करीब आए। गीता देवी के पति को शक हुआ तो उसने पड़ताल की। इसके बाद दोनों को रंगे हाथ पकड़ लिया। दिलेश्वर ने इसकी सूचना पंचायत को दी। पंचायत और ग्रामीणों के सामने सिंकदर यादव ने अपनी सास से प्यार का इजहार कर दिया। इसके बाद दिलेश्वर और ग्रामीणों ने मिलकर सिकंदर और गीता देवी की शादी करवा दी। इतना ही नहीं दिलेश्वर ने अपनी पत्नी और दामाद काे कोर्ट मैरिज भी करवा दिया। ग्रामीणों के समक्ष सिकंदर गीता देवी को लेकर अपने घर विदा हो गया।

30 साल पहले हुई थी गीता की बेटी से सिकंदर यादव की शादी

ग्रामीणों का कहना है कि सिकंदर की शादी 30 साल पहले दिलेश्वर और गीता देवी की बेटी से हुई थी। सिकंदर की पत्नी अपने पीछे एक बेटी और एक बेटे को छोड़कर चली गई। इसके बाद से सिकंदर अपने ससुराल में रहने लगा। इसी दौरान उसकी सास से उसका प्रेम-प्रसंग चलने लगा। इस बात की भनक दिलेश्वर को लगी तो उसने दोनों की शादी करवा दी।




Bihar News: चुन-चुन कर कार्रवाई होगी; चिराग की मां को गाली पर बोले सम्राट

राजद नेता तेजस्वी यादव की सभा में लोजपा रामविलास के सुप्रीमो चिराग पासवान की मां और बहन को गाली दिए जाने के मामले में राजनीति तेज हो गई है। एनडीए को विरोधी तेजस्वी यादव और राजद के खिलाफ बैठे-बिठाए एक हथियार मिल गया है। डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी ने इस मामले में एक्शन लिए जाने की बात कही है तो बीजेपी के महिला नेत्री उषा विद्यार्थी ने इस प्रकरण को निर्वाचन आयोग तक पहुंचा दिया है। उधर तेजस्वी यादव ने सफाई देते हुए कहा है कि चुनाव के समय इस तरह का रिस्क कौन लेगा। जो हुआ उसे भीड़ में शामिल लोगों ने अंजाम दिया। मैं सुन लेता तो बर्दाश्त नहीं करता।

लोकसभा चुनाव 2024 को लेकर राजनीतिक दलों द्वारा अपने प्रत्याशियों को जिताने के लिए धुआंधार रैलियां और जनसभाएं की जा रही हैं। बुधवार तक तेजस्वी यादव ने लगातार औरंगाबाद, जमुई, नवादा और गया में महागठबंधन के उम्मीदवारों की जीत के लिए पसीना बहाया। इस बीच जमुई में तेजस्वी यादव की सभा नेता प्रतिपक्ष के लिए गले की फांस बन गई। दरअसल जब तेजस्वी यादव भाषण कर कर रहे थे उसी वक्त सभा में शामिल तेजस्वी के एक समर्थक ने लोजपा-आर के चीफ चिराग पासवान की मां को गाली दी। उसने राजद नेता विजय प्रकाश को विजय भैया कहकर संबोधित करते हुए चिराग और उनकी मां तथा बहन को गाली दी। उस समय राजद उम्मीदवार अर्चना रविदास भी मंच पर मौजूद थीं। तेजस्वी समर्थक ने चिराग पासवान की बहन को भी गाली दी। एनडीए को बैठे बिठाये चुनाव के मौसम में महागठबंधन के खिलाफ एक मुद्दा मिल गया है।

नीतीश सरकार के डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी और विजय सिन्हा दोनों आरजेडी पर हमलावर हैं। पटना में पत्रकारों से बातचीत करते हुए सम्राट चौधरी ने कहा कि गाली गलौज की भाषा को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ऐसे लोगों पर चुन-चुन कर कार्रवाई होगी। रामविलास पासवान दलितों के मसीहा के रूप में जाने जाते हैं। उनकी पत्नी और चिराग पासवान की मां के बारे में अभद्र भाषा का प्रयोग कोई भूल नहीं बल्कि अपराध है। यह काम राजद के द्वारा किया जा रहा है। यह अशोभनीय और पीड़ादायक है। थो़डा इंतजार कीजिए। इस पर कार्रवाई होगी। गाली देने वाले एक भी व्यक्ति बचने नहीं जा रहे हैं। डिप्टी सीएम विजय कुमार सिन्हा ने भी आरजेडी और पार्टी नेताओं को आड़े हाथों लिया।उन्होंने कहा कि यही उन लोगों की कार्य संस्कृति है। यह उनकी मानसिकता और संस्कार को दर्शाता है।

इधर बीजेपी महिला नेत्री उषा विद्यार्थी ने इस मामले को चुनाव आयोग तक पहुंचा दिया है। निर्वाचन आयोग से शिकायत करके कड़ी कार्रवाई की मांग की गई है। तेजस्वी यादव पर मुकदमा दर्ज कराने की मांग की गई है। बीजेपी नेता संजय जायसावाल ने भी इसकी निंदा की है। उन्होंने कहा है कि राजद का ट्रैक रिकार्ड यही है। उनका यही स्वभाव है कि अपनी निकृष्टता की सीमा को छोड़ने को तैयार नहीं हैं। राजद अपहरण, डकैती और निकृष्टता की संस्कृति के लिए जानी जाती हैं।

इधर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने भी इस मामले पर अपनी सफाई दी है। उन्होंने कहा कि मेरे पास भी वीडियो भेजा गया जिसे देखा है। पब्लिक में शामिल कोई व्यक्ति यह काम कर रहा है और वीडियो बना रहा है। यह वीडियो पब्लिक में बनाया गया है जिसकी मुझे कोई जानकारी नहीं मिली। मंच से तो गाली नहीं दी गई। हो सकता है कि मेरे बारे में ऐसा बोलता होगा। अभी चुनाव के समय में ऐसा करने का रिस्क वही लेगा जो बेवकूफ होगा। मैं सुन लेता तो बिल्कुल बर्दाश्त नहीं करता। इस मामले को बेवजह तूल दिया जा रहा है। बात का बतंगर बनाया जा रहा है।

इससे पहले चिराग पासवान ने इस घटना के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाकर अपने अंदाज में तेजस्वी यादव को जवाब दिया। उन्होंने कहा कि मेरे मंच पर रहते अगर किसी ने राबड़ी देवी या मीसा भारती के बारे में ऐसी हड़कत किया होता तो उसी वक्त मुंहतोड़ जवाब देता। श्रीमती राबड़ी देवी मेरे लिए मां हैं और मीसा भारती बड़ी बहन हैं। उनके लिए वही सम्मान है जो मेरा मेरी मां और बहन के लिए हैं। राजनीति अलग बात है। चिराग पासवान ने कहा कि मेरी मां बहन को गाली दी जा रही थी और तेजस्वी यादव ने एक शब्द भी नहीं बोला। ताज्जुब है कि उनकी महिला प्रत्याशी भी मां-बहन की गाली सुनकर चुप रहीं और विरोध नहीं किया। ऐसे में जमुई की महिला कैसे अपने आपको सुरक्षित समझेंगी। बिहार का हर वह व्यक्ति इसे बर्दाश्त नहीं करेगा जिसमें स्वाभिमान जिंदा होगा।




RJD : राजद ने सीवान लोकसभा सीट से अवध बिहारी चौधरी को बनाया उम्मीदवार

Bihar Lok Sabha Elections 2024: बिहार के सीवान लोकसभा सीट को लेकर सस्पेंस खत्म हो गया है। आरजेडी ने अवध बिहारी चौधरी को अपना प्रत्याशी बनाया है। अवध बिहारी चौधरी बिहार विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष हैं, जिन्हें पार्टी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव और तेजस्वी यादव ने सिंबल दिया। अब अवध बिहारी चौधरी सीवान से आरजेडी के टिकट पर लोकसभा का चुनाव लड़ेंगे। रविवार को इस बात की जानकारी खुद अवध बिहारी चौधरी ने सोशल मीडिया के माध्यम से दी है।

अवध बिहारी चौधरी ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर कहा कि आज राजद द्वारा मुझे आधिकारिक रुप से सिंबल दिया गया। इसके साथ ही मेरी जिम्मेदारी भी बढ गयी। सीवान के तमाम अमन पसंद लोगों की आज जीत हुई है, सीवान में रह रहे सभी गांधीवादी विचाराधारा के मित्रों की जीत हुई है।

उन्होंने कहा कि मैं आपके लिए पूर्व की तरह ही हमेशा सेवा में रहूंगा। राजद ने जिस विश्वास व उम्मीद के साथ मुझे सीवान लोकसभा क्षेत्र की जनता की सेवा करने के लिए मैदान में उतारा है, मैं विश्वास दिलाता हूं कि राजद के उम्मीदों पर पूर्ण रुप से खरा उतरूंगा। उन्होंने कहा कि मुझे अपने लोगों पर पूर्ण विश्वास है वो लोग अपने सेवक को लोकसभा भेज सीवान के विकास की रूकी हुई गाड़ी को रफ्तार में लाएंगे।

गौरतलब है कि बिहार महागठबंधन में आरजेडी 23 सीटों पर चुनाव लड़ रही है। आरजेडी 22 सीटों पर प्रत्याशियों के नाम का ऐलान कर चुकी थी। सीवान सीट को होल्ड पर रखा गया था, जहां अब अवध बिहारी चौधरी को उम्मीदवार बनाया गया है।




पवन सिंह थोड़ी देर में ले सकते हैं आरजेडी की सदस्यता

Lok Sabha Election 2024 भोजपुरी फिल्म अभिनेता पवन सिंह थोड़ी देर में आरजेडी की सदस्या ले सकते हैं. पार्टी सूत्रों का कहना है कि सुबह नौ बजे वे पार्टी कार्यालय में तेजस्वी यादव के समक्ष पार्टी की सदस्यता ग्रहण करेंगे. बताते चलें कि तेजस्वी यादव ने शुक्रवार को ही इसके संकेत दिए थे. उन्होंने अपने सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर लिखा था कि शनिवार को एक अच्छी खबर शेयर करेंगे. कुछ दिन पहले ही भोजपुरी सुपरस्टार और गायक पवन सिंह ने काराकाट से निर्दलीय चुनाव लड़ने का ऐलान किया था. इसके बाद से ही यह कयास लगाया जा रहा था कि काराकाट में त्रिकोणीय संघर्ष होगा. पवन सिंह के आरजेडी से टिकट मिलने के बाद यहां अब मुकाबला रोचक हो गया है.

सीनियर नेताओं को पार्टी कार्यालय पहुंचने का निर्देश

आरजेडी के प्रदेश अध्यक्ष ने पार्टी के सीनियर नेताओं को सुबह आठ बजे तक आरजेडी कार्यालय पहुंचने का निर्देश दिया है. पार्टी सूत्रों का कहना है कि नौ बजे तेजस्वी यादव पार्टी कार्यालय पहुंचेंगे. इसके बाद वे पवन सिंह को पार्टी की सदस्यता दिलायेंगे.

सीटों की हो सकती है अदला बदली

इंडिया महागठबंधन में काराकाट लोकसभा क्षेत्र भाकपा (माले) के खाते में है. CPI (ML) ने यहां से राजाराम सिंह कुशवाहा को अपना उम्मीदवार भी बनाया है. लेकिन, पार्टी सूत्रों का कहना है कि आरजेडी और भाकपा (माले) पर अदला बदली कर सकती है. भाकपा (माले) शुरू से काराकाट की जगह सीवना की मांग करता रहा है. आरजेडी भाकपा (माले) को काराकाट के बदले सीवान दे सकती है और काराकाट से अपने प्रत्याशी के रुप में पवन सिंह को मैदान में उतार सकती है.

एनडीए ने उपेंद्र कुशवाहा को दिया अपना समर्थन

काराकाट से एनडीए ने पूर्व मंत्री उपेंद्र कुशवाहा को अपना समर्थन दे रही है. वे अपनी ‘राष्ट्रीय लोक मोर्चा’ के साथ मैदान में हैं. कहा जा रहा है कि पवन सिंह के मैदान में आने से यहां पर चुनाव रोचक हो गया है.




ट्रेनों में छिनतई व मोबाइल फोन चोरी करनेवाले गिरोह के पांच गिरफ्तार

गया. गया रेलवे स्टेशन से खुलने व गुजरनेवाली ट्रेनों में छिनतई व मोबाइल चोरी करनेवाले पांच अपराधियों को रेल पुलिस की टीम ने स्टेशन परिसर से गुरुवार को गिरफ्तार किया. गिरफ्तार अपराधियों की पहचान मगध मेडिकल थाना क्षेत्र के कलेर गांव निवासी इंदल साव, शेरघाटी थाना क्षेत्र के गोपालपुर के रहनेवाले कमलेश पासवान, रोशनगंज थाना क्षेत्र के भलुआर के रहनेवाले महेंद्र पासवान, विष्णुपद थाना क्षेत्र के घुघरीटांड़ के रहनेवाले मोहम्मद मेराज व कोतवाली थाना क्षेत्र के मुरली हिल के रहनेवाले जितेंद्र कुमार के रूप में की गयी है. इनके पास से नौ मोबाइल व चार ब्लेड के टुकड़े पाये गये है. इस संबंध में पुलिस निरीक्षक सह रेल थानाध्यक्ष राजेश कुमार सिंह ने बताया कि लोकसभा चुनाव को देखते हुए गया रेलवे स्टेशन व आसपास सर्च अभियान चलाया जा रहा है. इसी दौरान स्टेशन परिसर में कुछ युवकों को आपस में बातचीत करते हुए देखा गया. युवक पुलिस को देखकर भागने लगे. पुलिस ने उन्हें दौड़ कर पकड़ लिया. पकड़े गये अपराधियों के पास नौ मोबाइल फोन बरामद किये गये हैं. इसके बाद पुलिस उन्हें गिरफ्तार कर थाने लायी. पुलिस ने पांचों अपराधियों के खिलाफ रेल थाना में प्राथमिकी दर्ज की है.




रजौरी सोलर पावर प्लांट से बिहार को मिलेगी बिजली

Bihar: पटना. नवादा के रजौली स्थित फुलवरिया डैम में ग्रिड कनेक्टेड फ्लोटिंग सोलर पावर प्लांट की स्थापना होगी. इस फ्लोटिंग सोलर पावर प्लांट से नियमित रूप से 10 मेगावाट बिजली का उत्पादन सुनिश्चित होगा. सोलर प्लांट की स्थापना रेस्को मोड में होगी यानि निजी या सरकारी एजेंसी इसका निर्माण कर बिजली का उत्पादन करेगी और बिजली आपूर्ति कंपनियां संबंधित एजेंसी से बिजली की खरीद करेगी. इस प्लांट से उत्पादित सोलर बिजली 3.87 रुपये प्रति किलोवाट की दर से डिस्कॉम्स को मिलेगी. बिहार विद्युत विनियामक आयोग ने रेस्को मोड में सोलर प्लांट की स्थापना और निर्धारित दर पर बिजली खरीद को लेकर लंबी अवधि का समझौता किये जाने की मंजूरी दे दी है.

सोलर प्लांटों की स्थापना को जेनरेशन कंपनी बनी नोडल एजेंसी

बिजली कंपनी ने बताया कि बिहार में कई जगहों पर ग्राउंड माउंटेड व फ्लोटिंग सोलर पावर प्लांटों की स्थापना का प्रस्ताव है. इसके लिए सर्वे की प्रक्रिया पूरी कर ली गयी है और जल्द ही इस पर काम शुरू होगा. सोलर पावर प्लांटों से उत्पादित बिजली थर्मल यूनिटों के मुकाबले काफी सस्ती होगी और कार्बन फुट प्रिंट से मुक्त होगी. ऊर्जा विभाग ने विभिन्न जल निकायों में एक मेगावाट से अधिक के सोलर पावर प्लांटों की स्थापना को लेकर बिहार स्टेट पावर जेनरेशन कंपनी लिमिटेड को नोडल एजेंसी बनाया है. इसके साथ ही बेकार व बंजर जमीन पर एक मेगावाट से अधिक के ग्राउंड माउंटेड सोलर पावर प्लांट की स्थापना और एक मेगावाट से अधिक के बायोमास व बैगेस पावर प्लांट की स्थापना को लेकर भी जेनरेशन कंपनी ही कार्यकारी एजेंसी बनायी गयी है.

25 वर्षों की लंबी अवधि को लेकर होगा खरीद समझौता

विनियामक आयोग की मंजूरी के बाद अब अब फ्लोटिंग सोलर पावर प्लांट निर्माण को लेकर सफल बोली लगाने वाली एजेंसी और डिस्कॉम्स के बीच पावर परचेज एग्रीमेंट का रास्ता साफ हो गया है.. बिजली कंपनियां 25 साल की लंबी अवधि के लिए बिजली खरीद का समझौता करेगी. इससे डिस्कॉम्स को रिन्युएबल पावर ऑब्लिगेशन (आरपीओ) यानि नवीकरणीय ऊर्जा खरीद की बाध्यता के लक्ष्यों को प्राप्त करने में भी मदद मिलेगी.




Bihar News :लोकसभा चुनाव में नहीं दिखेंगे सुशील मोदी, राजनीति से संन्यास

Bihar News : Sushil Kumar Modi retirement from politics, sushil modi cancer revealed before lok sabha election

सुशील कुमार मोदी

पूर्व उपमुख्यमंत्री और भारतीय जनता पार्टी के वरीय नेता सुशील मोदी ने राजनीति से संन्यास ले लिया है। लोकसभा चुनाव के बीच उन्होंने यह एलान किया है। सोशल मीडिया पर उन्होंने स्पष्ट लिखा कि  पिछले छह माह से कैंसर से संघर्ष कर रहा हूं। अब लगा कि लोगों को बताने का समय आ गया है। लोकसभा चुनाव में कुछ कर नहीं पाऊंगा। प्रधानमंत्री को सब कुछ बता दिया है। देश, बिहार और पार्टी का सदा आभार और सदैव समर्पित। वहीं सुशील मोदी के इस एलान के बाद पूर्व केंद्रीय मंत्री और भाजपा के वरीय नेता रविशंकर प्रसाद ने कहा कि मैं उनके अच्छे स्वास्थ्य की कामना करते हूं। रविशंकर प्रसाद ने कहा कि चुनाव में बहुत कमी खलेगी।

1990 में विधानसभा चुनाव जीतकर विधायक बने

बताया जा रहा है कि पूर्व उपमुख्यंत्री सुशील मोदी गले के कैंसर से पीड़ित हैं। फिलहाल, वह दिल्ली एम्स में अपना इलाज करवा रहे हैं। सुशील मोदी, नीतीश कुमार और लालू प्रसाद जेपी आंदोलन के बाद उभरे। यह तीनों नेता जेपी आंदोलन की उपज माने जाते हैं। सुशील मोदी शुरुआत से ही राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ से जुड़े रहे। 1971 में सुशील मोदी ने छात्र राजनीति की शुरुआत की। इसके बाद युवा नेता के रूप में पहचान बनाई। साल 1990 में सुशील ने विधानसभा चुनाव लड़ा और जीतकर विधायक बने। इसके बाद बिहार की राजनीति में उनका कद बढता ही चला गया।

2004 में भागलपुर से जीतकर लोकसभा गए थे

2004 के लोकसभा चुनाव में सुशील मोदी भाजपा के टिकट पर भागलपुर से सांसद बने। 2005 में उन्होंने संसद सदस्यता से इस्तीफा दिया और विधान परिषद के लिए निर्वाचित होकर बिहार सरकार में उपमुख्यमंत्री बने। सुशील मोदी 2005 से 2013 और 2017 से 2020 तक बिहार के वित्त मंत्री रह चुके हैं। 2020 में जब फिर से एनडीए की सरकार बनी तो सीएम नीतीश कुमार चाहते थे कि सुशील मोदी ही डिप्टी सीएम बनें। लेकिन, शीर्ष नेतृत्व ने उन्हें राज्यसभा भेज दिया। कहा यह भी जा रहा है कि इस बार जो नीतीश कुमार एनडीए में फिर से शामिल हुए, उसके पीछे सुशील मोदी की अहम भूमिका थी।