Bhopal News : महामंत्री हर्षित गुरु व सैकड़ो की संख्या में कार्यकर्ता, पार्षद BJP में शामिल
written by Denva Post Bureau | 14/02/2024
भोपाल : मध्य प्रदेश में कांग्रेस को लोकसभा चुनाव 2024 से पहले एक बाद एक झटके पर झटके लग रहे हैं। मध्य प्रदेश के लगभग बड़े जिलों से सैकड़ो की संख्या में दिग्गज नेता और उनके साथ कार्यकर्ता भाजपा की सदस्यता ग्रहण कर रहे हैं। इसी क्रम में आज युवा कांग्रेस के पूर्व प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष और प्रदेश कांग्रेस महामंत्री हर्षित गुरु ने भाजपा का दामन थाम लिया।
पूर्व गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा और प्रदेश अध्यक्ष बीडी शर्मा ने सैकड़ो की संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ताओं को भाजपा का अंग वस्त्र पहनकर सदस्यता ग्रहण करवाई। हर्षित गुरु ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा की नीतियों से प्रभावित होकर उन्होंने भाजपा की सदस्यता ग्रहण की है।
बताया जा रहा है कि सांसद विष्णुदत्त शर्मा एवं वरिष्ठ नेता व न्यू ज्वाइनिंग टोली के संयोजक डॉ नरोत्तम मिश्रा के सामने युवक कांग्रेस के पूर्व प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष व प्रदेश कांग्रेस महामंत्री हर्षित गुरु, कांग्रेस के प्रदेश सचिव राकेश रघुवंशी, कांग्रेस नेत्री रश्मी पाण्डे, पार्षद अनुजा गुरू, रश्मी मिश्रा, दीक्षा सोनी, पार्षद विशाल शंकुल, पार्षद गौरव पालिवाल, पार्षद शकिल खान, दिलीप नामदेव, संजय शंकुल और राजा तिवारी सहित हजारों की संख्या में कार्यकर्ताओं एवं जनप्रतिनिधियों ने भारतीय जनता पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। इस अवसर पर पार्टी के प्रदेश महामंत्री भगवानदास सबनानी व राजो मालवीय उपस्थित रहीं।
Mp News : मोहन सरकार ने प्रदेश के सभी निगम/बोर्ड, नए अध्यक्ष और उपाध्यक्ष की नियुक्तियां खत्म कीं
written by Denva Post Bureau | 14/02/2024
वल्लभ भवन – फोटो : सोशल मीडिया
प्रदेश की नवगठित मोहन यादव सरकार ने पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के कार्यकाल के दौरान निगम/मंडल/ बोर्ड और आयोग की नियुक्तियों को निरस्त कर दिया है। इनके अध्यक्ष उपाध्यक्ष व अन्य पदों पर की गई नियुक्तियां खत्म कर दी गई हैं। अब सभी निगम व मंडलों में नए सिरे से नियुक्तियां की जाएंगी।
इसी क्रम में रोजगार निर्माण बोर्ड के अध्यक्ष शैलेंद्र शर्मा को भी हटा दिया गया है। वहीं, तकनीकी शिक्षा कौशल विकास और रोजगार विभाग में रोजगार निर्माण बोर्ड के उपाध्यक्ष नरेंद्र बिरथरे की नियुक्ति को निरस्त कर दिया गया है। जानकारी के अनुसार सरकार ने निगम/मंडल/बोर्ड की सभी नियुक्तियों को खत्म करने का निर्णय ले लिया है। अब इन पदों पर नए सिरे से नियुक्तियां की जाएगी।
MP Politics: बीजेपी ज्वाइन करेंगे कमलनाथ? विधानसभा में दिग्गजों से मुलाकात के बाद बढ़ी सियासी हलचल
written by Denva Post Bureau | 14/02/2024
भोपाल: मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और पूर्व मुख्यमंत्री कमल नाथ में एक बार फिर मुलाकात हुई। अचानक हुई मुलाकात के कई मायने निकाले जा रहे हैं। पूर्व मुख्यमंत्री कमल नाथ ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से मुलाकात की और शाम को छिंदवाड़ा कलेक्टर को हटा दिया। कलेक्टर के अचानक तबादले को इस मुलाकात से भी जोड़कर देखा जा रहा है।
बता दें कि छिंदवाड़ा कलेक्टर मनोज पुष्प को हटाकर मंत्रालय में अपर सचिव, सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग बनाया गया है। शीलेन्द्र सिंह को छिंदवाड़ा कलेक्टर के पद पर पदस्थ किया गया है। गौरतलब है कि पिछले एक महीने में कमल नाथ तीन बार से भी ज्यादा मुख्यमंत्री मोहन यादव से मुलाकात कर चुके हैं। एक बार खुद मुख्यमंत्री कमल नाथ से मिलने उनके बंगले में पहुंचे थे। मुख्यमंत्री डा मोहन यादव से मुलाकात करने के बाद पूर्व सीएम कमल नाथ ने कहा कि छिंदवाड़ा के विषय में बात करने आया था।
छिंदवाड़ा बार्डर के बाहर की बात मैं नहीं करता हूं। लोकसभा चुनाव संबंधी एक सवाल पर कहा कि मैं तो केवल वहां के विकास की बात करने गया था। वहीं, कांग्रेस में अब हलचल बढ़ गई है। कमल नाथ की भाजपा नेताओं से मुलाकात के बाद सियासत गर्म हो गई।
राज्यसभा सदस्य वरिष्ठ अधिवक्ता विवेक तन्खा ने कहा नहीं मान सकते कि कमल नाथ-नकुल नाथ कहीं जा रहे हैं। नाथ का कांग्रेस से गहरा संबंध रहा है। परिवर्तन का समय है इसलिए कुछ कह नहीं सकते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि मेरे बारे कहा जा रहा है कि मैं कांग्रेस में जा रहा हूं। अब चर्चा यह है कि आखिर क्यों बार-बार यह मुलाकात हो रही है।
Harda Accident : सीएम बोले-विस्फोट देखकर लगता है ये कोई आतंकी घटना नहीं, केंद्र और कांग्रेस को दी जानकारी
written by Denva Post Bureau | 14/02/2024
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव
मध्य प्रदेश विधानसभा के बजट सत्र के दूसरे दिन हरदा हादसे पर कांग्रेस ने स्थगन प्रस्ताव पेश किया। इसे विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर ने स्वीकार कर लिया। उन्होंने कांग्रेस विधायक रामनिवास रावत द्वारा लाए गए प्रस्ताव पर चर्चा के लिए डेढ़ घंटे का समय रखा। चर्चा के जवाब में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि राज्य सरकार ने हरदा हादसे के दौरान हुए विस्फोट को देखकर लगता है कि यह आतंकी घटना तो नहीं है, मामले में हमने केंद्र सरकार को सूचना दी है। सीएम डॉ. यादव ने कहा कि धमाके की जानकारी लगते ही कैबिनेट की बैठक बीच में रोकी। मंत्री राव उदय प्रताप सिंह के साथ दो अधिकारियों को घटना स्थल पर भेजा। 50 मिनिट के अंदर आपात बैठक बुलाकर तैयारी की। 100 से ज्यादा फायर ब्रिगेड घटना स्थल पर भेजी गई और 50 से अधिक एंबुलेंस ग्रीन कॉरिडोर बनाकर घायलों को लेने के लिए लगाई गई। इंदौर, भोपाल और होशंगाबाद में अस्पतालों को अलर्ट जारी किया।
कितना भी बड़ा अधिकारी हो, दोषी होने पर नहीं बचेगा
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस हादसे की वरिष्ठ अधिकारियों की टीम जांच कर रही है। कितना भी बड़ा अधिकारी हो दोषी पाए जाने पर नहीं बचेगा। इस मामले में कठोर कार्रवाई करेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि मंडला जिले में 17, दतिया जिले में 4, मुरैना में 5, जबलपुर में 123, शिवपुरी में 10, ग्वालियर में 26, नरसिंहपुर में 6, डिंडोरी में 6, छिंदवाड़ा में 72, कटनी में 6, शहडोल में 29, अशोक नगर 7 पटाखा फैक्ट्री का निरीक्षण किया जा चुका है। हरदा में 12, इंदौर में 8 फैक्ट्री और 16 गोदाम सील किए गए हैं। राज्य सरकार इस तरह की घटनाओं से निपटने के लिए चिकित्सा के पर्याप्त प्रबंधन कर रही है। बर्न यूनिट और बनाएंगे, मरीजों के लिए एयर एंबुलेंस सेवा भी प्रारंभ की जाएगी।
बस्ती वहां कैसे बनी यह जांच का विषय
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जब फैक्टरी बनाई गई तो वह क्षेत्र एकांत में था, लेकिन बस्ती वहां कैसे बसाई गई यह जांच में सामने आएगा। सीएम ने अधिकारियों को हटाने की बात बताते हुए दो माह पहले के एक पत्र का जिक्र किया, जिसमें क्षमता से अधिक विस्फोटक पाए जाने का जिक्र था। उन्होंने कहा कि जांच प्रभावित ना हो, इसलिए अधिकारियों को हटाया। सीएम ने दमकल कर्मियों की प्रशंसा भी की।
न्यायिक जांच की मांग को लेकर विपक्ष का वॉकआउट
हरदा हादसे मामले की विपक्ष ने न्यायिक जांच की मांग की। मुख्यमंत्री के न्यायिक जांच की मांग को लेकर कुछ नहीं कहने पर विपक्ष ने सदन से नारेबाजी करते हुए वॉकआउट किया। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने सरकार से सवाल करते हुए कहा कि सरकार जनता के लिए है या अधिकारियों को बचाने के लिए। पटाखा फैक्टरी के संचालक पर पहले भी कई केस थे, वह जेल भी गया था। क्या कलेक्टर ने कभी निरीक्षण नहीं किया कि यह फैक्टरी रिहायशी क्षेत्र में हैं। उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि 10-10 लाख रुपये कलेक्टर कमिश्नर को गए। वह निरीक्षण क्यों करेंगे? उन्होंने कहा कि लीपापोती कर के सब दबा दो क्या यह अधिकारियों की लापरवाही नहीं है।
अधिकारियों को भी आरोपी बनाया जाए
स्थानीय विधायक की सूचना को कलेक्टर ने अनसुना किया। इतनी बड़ी घटना हो गई और अब अधिकारियों को बचाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि आप जनता के मुख्यमंत्री हैं या अधिकारियों के। सिंघार ने मांग की कि लॉ ओपन कोर्ट इंक्वायरी या ज्यूडिशल इंक्वायरी की जाए। उन्होंने मृतकों और घायलों के लिए मुआवजे की राशि 25 लाख और 1 करोड़ रुपये करने की मांग की। सिंघार ने कहा कि इस पूरे मामले में अधिकारियों को भी आरोपी बनाया जाए।
सुतली बम नहीं, जिलेटिन की रॉड बन रही थी : रावत
स्थगन प्रस्ताव पर चर्चा की शुरुआत करते हुए रामनिवास रावत ने कहा कि हरदा की फैक्टरी में सुतली बम नहीं, जिलेटिन की रॉड बनाने का काम किया जा रहा होगा। 50 से 60 घर हादसे में तबाह हो गए। अभी तक यह पता नहीं चल पाया कि हादसे के वक्त कितने मजदूर फैक्टरी में थे। फैक्टरी में हादसे होते हैं और कई लोग मारे जाते हैं। उन्होंने सवाल किया कि हमें यह सोचना होगा कि हादसों के लिए जिम्मेदार कौन है? आयुक्त ने अपील पर अनुमति कैसे ओर क्यों दी? कलेक्टर और एसपी को हटाना समाधान नहीं है। आखिर फैक्टरीसंचालन के लिए किसका संरक्षण था?
हादसे में दिवंगतों को दी गई श्रद्धांजलि
विधानसभा की कार्रवाई शुरू होने पर हरदा हादसे में दिवंगतों को श्रद्धांजलि दी गई। सदन में मौन रखने के बाद 10 मिनट के लिए सदन की कार्रवाई स्थगित की गई। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि हादसे में 11 लोगों की मौत हुई और कई घायल हुए हैं। इस घटना से उनका मन व्यथित है। उन्होंने कहा कि सरकार सभी पीड़ितों के साथ खड़ी है। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने भी शोक जताया। इसके अलावा सदन में नक्सली हमले में शहीद पवन भदौरिया और गुना के आरोन में बस हादसे में मृतकों को भी श्रद्धांजलि दी गई।
नकली सुतली बम की माला पहनकर पहुंचे विधायक
हरदा से कांग्रेस विधायक आरके दोगने नकली सुतली बम की माला पहनकर विधानसभा पहुंचे। उन्होंने महात्मा गांधी की प्रतिमा को नमन किया। दोगने ने मीडिया से बातचीत करते हुए सरकार पर हादसे में मृतकों की संख्या को लेकर झूठे आंकड़े देने का आरोप लगाया। उन्होंने मुख्यमंत्री से मृतकों और घायलों के लिए मुआवजा राशि बढ़ाने की मांग की। विधायक ने कहा कि चार लाख में कुछ नहीं होता। उन्होंने पटाखा फैक्ट्री के बेसमेंट की जांच करने और जांच में विधायक और मीडिया को भी शामिल करने की मांग की।
Mp News : कांग्रेस ने राज्यपाल से की सीएम की शिकायत, विपक्षी सांसदों और विधायकों पर लगाया पक्षपात का आरोप
written by Denva Post Bureau | 14/02/2024
कांग्रेस विधायकों ने राज्यपाल को सौंपा पत्र
प्रदेश कांग्रेस विधायकों के दल ने राज्यपाल मंगू भाई पटेल से मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की शिकायत की है। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री कांग्रेस के सांसदों और विधायकों के साथ पक्षपात पूर्ण व्यवहार कर रहे हैं। कांग्रेस का आरोप है कि मुख्यमंत्री ने विकास कार्यों के लिए भाजपा सांसदों से 50 करोड़ और विधायकों से 15 करोड़ रुपये तक के प्रस्ताव मांगे हैं, लेकिन कांग्रेस के जनप्रतिनिधियों के साथ पक्षपात किया जा रहा है।
इसको लेकर नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने राज्यपाल को दिए पत्र में लिखा कि प्रदेश के मुख्यमंत्री ने सीएम के रूप में अपने कर्तव्यों का श्रद्धापूर्वक और शुद्ध अंत:करण से निर्वहन करने और भय या पक्षपात, अनुराग या द्वेष के बिना सभी प्रकार के लोगों के प्रति संविधान और विधि के अनुसार न्याय करने की शपथ ली है। पक्षपात के द्वारा अपनी शपथ का खुला उल्लंघन है। उन्होंने कहा कि डॉ. बाबा साहब अंबेडकर के बनाए भारत के संविधान का अपमान है। उन्होंने राज्यपाल से कांग्रेस विधायकों को अपना संरक्षण देने और पक्षपात पूर्ण रवैए पर तत्काल कार्रवाई करने की मांग की है।
Bhopal News : हरदा ब्लास्ट में सरकार ने की बड़ी कार्रवाई, कलेक्टर ऋषि गर्ग और एसपी संजीव कुमार कंचन हटाए गए
written by Denva Post Bureau | 14/02/2024
वल्लभ भवन – फोटो : सोशल मीडिया
मध्य प्रदेश के हरदा पटाखा फैक्ट्री में ब्लास्ट में अब तक 11 लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं, सैकड़ों की संख्या में लोग घायल हुए है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव गुरुवार को पीड़ित परिवार से मुलाकात करने हरदा पहुंचे। इसके बाद सरकार ने बड़ी कार्रवाई की है। सरकार ने हरदा कलेक्टर ऋषि गर्ग हटा कर मंत्रालय में उपसचिव पदस्थ किया है। इस संबंध में सामान्य प्रशासन विभाग ने आदेश जारी किए।
वहीं, हरदा पुलिस अधीक्षक संजीव कुमार कंचन को हटा दिया गया। कंचन को हटा कर सहायक पुलिस महानिरीक्षक पुलिस मुख्यालय भोपाल पदस्थ किया गया है। इस संबंध में गृह विभाग ने आदेश जारी कर दिए। पुलिस अधीक्षक पर घटना के बाद सक्रियता नहीं दिखाने और फैक्ट्री संचालक के विरुद्ध कार्रवाई करने में लापरवाही बरतने पर कार्रवाई की गई।
JEE Main Session : जेईई मुख्य सत्र 1 2024 अनंतिम उत्तर कुंजी यहां दी गई है डाउनलोड करे डायरेक्ट लिंक
written by Denva Post Bureau | 14/02/2024
नेशनल टेस्टिंग एजेंसी ने अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर जेईई मेन (JEE Main) 2024 सेशन 1 की अनंतिम उत्तर कुंजी (Provisional Answer Key) जारी कर दी है। ऐसे में जिन छात्रों ने जनवरी फरवरी 2024 में हुई परीक्षा दी थी, वे इस उत्तर कुंजी से अपने दिए उत्तरों की जांच कर सकते हैं। इसके लिए छात्र को अपने आवेदन संख्या (एप्लिकेशन नंबर) और कुछ अन्य जानकारियों को सबमिट करना होगा। अनंतिम उत्तर कुंजी के जरिए छात्रों के पास किसी भी प्रश्न पर आपत्ति दर्ज करने का अवसर होता है, जिसके बारे में उनका मानना है कि उत्तर गलत दिया गया है या प्रश्न ग्रेडेड था।
jeemain.nta.ac.in पर JEE Main 2024 Session 1 की उत्तर कुंजी जारी कर दी गई है और छात्र कुछ मांगी गई जानकारियों के साथ इस पोर्टल पर लॉग-इन कर इसे जांच सकते हैं। नीचे हम आपको ऐसा करने का तरीका बता रहे हैं।
Answer Key जांचने के लिए सबसे पहले JEE Main 2024 की आधिकारिक वेबसाइट jeemain.nta.ac.in पर जाएं
होम पेज पर ‘JEE Main 2024 Answer Key Live’ टेक्स्ट वाले बैनर पर क्लिक करें।
आपको एक नए पेज पर ले जाया जाएगा, जहां आपने अपने लॉगिन क्रेडेंशियल डालने हैं, जैसे कि आवेदन संख्या और जन्म तिथि आदि। अब ‘Submit’ पर क्लिक करें।
नए पेज पर आपको JEE Main 2024 Session 1 की उत्तर कुंजी दिखाई देगी।
उसी पेज पर, उम्मीदवारों को उत्तरों के लिए चैलेंज उठाने का ऑप्शन भी मिलेगा, जहां उन्हें अनंतिम उत्तर कुंजी में विसंगतियां मिल सकती हैं।
आवश्यक कदम उठाने के बाद, मांगे गए शुल्क का भुगतान करना होगा और ‘Submit पर क्लिक करना होगा।
छात्रों द्वारा उठाई गई आपत्तियों की राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (NTA) द्वारा नियुक्त विषय विशेषज्ञों द्वारा गहन समीक्षा की जाती है। यदि आपत्तियां परीक्षा दिशानिर्देशों के तहत वैध और उचित पाई जाती हैं, तो एक संशोधित या अंतिम उत्तर कुंजी बनाई जाती है। यह संशोधित या अंतिम उत्तर कुंजी उम्मीदवारों की आपत्तियों के जवाब में किए गए परिवर्तनों को दिखाती है।
Bhopal News : 2015 में पटाखा फैक्ट्री को माना गया था अवैध, तब इंस्पेक्टर नहीं पहुंचे कोर्ट अब निलंबन की कार्यवाही
written by Denva Post Bureau | 14/02/2024
वल्लभ भवन, भोपाल – फोटो : सोशल मीडिया
श्रम विभाग औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा सागर संभाग के सहायक संचालक और कारखाना निरीक्षक नवीन कुमार बरवा को निलंबित कर दिया है। हरदा पटाखा फैक्ट्री में अवैध कारोबार होने का केस लगाने के बाद निरीक्षक गवाही के लिए ही नहीं पहुंचा था। अब उसको निलंबित करने की कार्रवाई की गई है। हरदा पटाखा फैक्ट्री को 2015 में निरीक्षण के दौरान अवैध होने का न्यायिक मजिस्ट्रेट हरदा के समक्ष केस लगाने और फिर समन के बाद भी पेशी पर ही नहीं जाने वाले कारखाना निरीक्षक नवीन कुमार बरवा को राज्य शासन ने निलंबित कर दिया है। निलंबन के दौरान बरवा मुख्यालय संचालनालय कार्यालय औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा इंदौर में रहेंगे। इस संबंध में श्रम विभाग विभाग की तरफ से गुरुवार को आदेश जारी कर दिए गए।
9 साल पहले निरीक्षण माना अवैध
औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा सागर संभाग के सहायक संचालक और कारखाना निरीक्षक नवीन कुमार बरवा ने 5 जुलाई 2015 और 8 जुलाई 2015 को बरवा ने हरदा मगरधा रोड़ बैरागढ़ ग्राम के अग्रवाल फायर वर्क्स का निरीक्षण किया था। इसमें फैक्ट्री का संचालन बिना लाइसेंस के साथ विस्फोटक सामग्री का निर्माण एवं भंडारण और अग्निशामक सुरक्षा यंत्रों की उपलब्धता नियमानुसार नहीं रखने तथा अग्नि दुर्घटना को नियंत्रित करने के लिए आवश्यक व्यवस्थाओं का अभाव तथा अनुमोदित इमरजेंसी प्लान नहीं होने के प्रावधानों का उल्लंघन पाया था। इस मामले में कारखाना अधिनियम 1948 की धारा 6 एवं 7 सपठित मप्र कारखाना नियमावली 1962 की धारा 92 के अधीन दण्डीयन मामला पाए जाने पर राजेश अग्रवाल कारखाना प्रबंधक एवं अन्य के खिलाफ मुख्य न्यायिक मजिस्टेट हरदा के समक्ष केस लगाया था।
समन के बाद भी नहीं पहुंची पेशी पर
इस प्रकरण में न्यायालय के सामने आरोपों को सिद्ध करने की जिम्मेदारी बरवा पर ही थी। इसके बावजूद बरवा कई बार समन/जमानती वारंट/गिरफ्तारी वारंट जारी होने और उनके मोबाइल पर सूचना भेजने के बावजूद साक्ष्य के साथ उपस्थित नहीं हुए। इससे कारण मुख्य न्यायिक मजिस्टेट हरदा को फरवरी 2023 में आरोपी राजेश अग्रवाल को दोष मुक्त कर दिया। वहीं, न्यायिक मजिस्ट्रेट हरदा ने बरवा के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्यवाही करने के निर्देश जारी किए थे।
हादसे के बाद जागे अधिकारी
अब हरदा पटाखा फैक्ट्री में 11 लोगों की जान जाने के बाद मामले में विभाग के अधिकारियों ने गंभीरता दिखाई। अब बरवा को शासकीय सेवक होकर कर्तवय पालन नहीं करने, न्यायालय के समक्ष साक्ष्य के लिए उपस्थित नहीं रहने के कारण आरोपी को सजा नहीं होने और कर्तव्य के प्रति घोर लापरवाही मानते हुए निलंबित किया गया। इस मामले में लापरवाही बरतने वाले कुछ और अधिकारी हटाए जाएंगे।
Mp News : हरदा मामले पर अरुण यादव के आरोप पर शिक्षा मंत्री बोले
written by Denva Post Bureau | 14/02/2024
मंत्री राव उदय प्रताप सिंह
हरदा पटाखा फैक्ट्री में विस्फोट की घटना के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने परिवहन एवं स्कूल शिक्षा मंत्री राव उदय प्रताप सिंह को मौके पर भेजा था। बुधवार को मंत्री ने मीडिया से बातचीत की। उन्होंने कांग्रेस नेता अरुण यादव के आरोप पर कहा कि जो भी दोषी होंगे सब पर कार्रवाई होगी। यदि मैं भी दोषी हूं तो मुझ पर भी कार्रवाई होगी। किसी भी दोषी को छोड़ा नहीं जाएगा। चाहे वह कोई भी हो। ऐसी कार्रवाई होगी जो ऐसे अपराधियों के लिए मिसाल बनेगी।
मंत्री उदय प्रताप सिंह ने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी के सरकार को दोषी बताने के बयान पर कहा कि वे हर मामले को एक चश्मे से न देखें। चश्मा उतारें। तभी ऐसी हालत हुई है। सरकार मुस्तैद है। भाजपा की सरकार है। मंत्री ने कहा कि हादसे की जानकारी मिलते ही मुख्यमंत्री जी ने मुझे और अन्य अधिकारियों को तुरंत हरदा भेजा था। घायलों के लिए हर संभव मदद के प्रयास किए गए हैं। उन्होंने कहा कि सेना से मदद मांगी। मंत्री ने बताया तुरंत जांच के लिए तीन सदस्यीय कमेटी गठित की। मंत्री ने बताया कि हादसे में 11 लोगों की जान गई है। जांच का विषय है कि फैक्ट्री चल कैसे रही थी। मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री ने प्रदेश के सभी कलेक्टर्स से पटाखा फैक्ट्री और गोदामों की जांच रिपोर्ट भी मांगी है।
Bhopal News : धमाके के बाद पटाखों के आधे किलोमीटर के दायरे में शवों के टुकड़े बिखर गए
written by Denva Post Bureau | 14/02/2024
विस्फोट के बाद सड़कों पर बिखरे शव
हरदा की पटाखा फैक्ट्री सोमेश फायर वर्क में हुए विस्फोट के बाद आसपास रहने वाले लोगों को लगा कि भूकंप आया हो। घरों के खिड़की के शीशे टूट गए। बर्तन जमीन पर गिर पड़े और कच्चे मकानों की दीवारों में दरारें आ गई। फैक्ट्री के आधा किलोमीटर के दायरे में तो भयावह स्थिति है।
शवों के टुकड़े बिखरे पड़े। कही पैर पड़े थे तो कही धड़। सड़क से गुजर रहे लोग भी हादसे का शिकार हो गए। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार हादसे के बाद हरदा में एम्बुलैंस, दमकलों के सायरन ही गूंज रहे है। इस घटना का आंखों देखा हाल फैक्ट्री से एक किलोमीटर दूर बेरागढ़ वार्ड में रहने वाले जितेंद्र सैनी ने बताया। यदि उनकी बातों पर गौर करे तो हादसे में बड़ी संख्या में लोग शिकार हुए है।
सड़क से गुजर रहे लोग भी हो गए घायल
मैं सुबह घर पर ही था। 11 बजे अचानक धमका हुआ। खिड़की के शीशे टूट गए। बाहर निकल कर देखा तो आसमान में आग का गुबार नजर आया। चारों तरफ धुंआ ही धुंआ था। लगातार विस्फोट हो रहे थे। फैक्ट्री के आसपास के खेतों मे शवों के टुकड़े बिखरे पड़े थे। किसी का सिर गायब था जो किसी का हाथ।
बस्तीवाले शवों को कपड़ों से ढक रहे थे। फैक्ट्री के पास से गुजरने वाली सड़क से गुजर रहे दोपहिया वाहन चालक भी घायल हो गए। फैक्ट्री का मलबा उड़कर उन्हें लगा। लोहे के दस-15 किलो के एंगल उड़कर खेतों में आ गए थे।
हरदा के आसपास में पैर रखने की जगह नहीं है। फैक्ट्री में काम करने वाले लोगों के परिजन बदहवास हालत में घूम रहे है। मोबाइल लगाकर फैक्ट्री में गए श्रमिकों की सलामती की तसल्ली परिजन कर रहे थे।