जिले के मौसम विशेषज्ञ सौरभ गुप्ता के मुताबिक, भूकंप का केंद्र महाराष्ट्र के अमरावती जिले में था, जो खंडवा से लगभग 66 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। भूकंप का प्रभाव खंडवा के पंधाना ब्लॉक के गांवों कोहदड, बोरगांव, रुस्तमपुर और पड़ोसी जिले बुरहानपुर के नेपानगर क्षेत्र में भी महसूस किया गया।
अधिक बारिश और एयर मूवमेंट बना झटकों की वजह
मौसम विशेषज्ञ गुप्ता ने बताया कि हाल के दिनों में महाराष्ट्र क्षेत्र में अत्यधिक वर्षा हुई है। इसके कारण जमीन में पानी के जमा होने और भीतर की परतों में बने एयर मूवमेंट ने इस भूकंप जैसी स्थिति को जन्म दिया। उन्होंने इसे “मध्यम गति का भू-गति झटका” बताया।
मानसूनी तंत्र की सक्रियता भी बनी कारण
गुप्ता के अनुसार, अरब सागर और बंगाल की खाड़ी के बीच मानसूनी तंत्र की बढ़ती सक्रियता और भूमि के तापमान में परिवर्तन भी ऐसी परिस्थितियों को जन्म देते हैं। भविष्य में भी हल्के झटके महसूस होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।
जनता के लिए जरूरी सलाह
- विशेषज्ञ सौरभ गुप्ता ने आम जनता को सतर्क रहने और निम्नलिखित सावधानियां बरतने की सलाह दी है:
- घर में टांड़ (ऊपर की शेल्फ) पर भारी सामान न रखें, उन्हें नीचे जमीन पर रखें।
- गमलों को दीवार पर न सजाएं।
- आपातकालीन नंबर जैसे फायर ब्रिगेड, एम्बुलेंस और पुलिस को मोबाइल में सेव रखें।
- गैस सिलेंडर और बिजली के मेन स्विच का उपयोग न होने पर बंद रखें।
- झटका महसूस होते ही तुरंत खुले स्थान पर जाएं और इमारतों से दूरी बनाए रखें।