रिलीज के दो दिन बाद ही OTT से हटाई गई दिलजीत दोसांझ की फिल्म ‘सतलज’, विवाद फिर गरमाया

मुंबई। अभिनेता दिलजीत दोसांझ की बहुचर्चित फिल्म ‘पंजाब 95’, जिसे हाल ही में ‘सतलज’ नाम से ओटीटी प्लेटफॉर्म पर रिलीज किया गया था, रिलीज के महज दो दिन बाद ही भारत में हटा लिया गया है। इस फैसले के बाद फिल्म एक बार फिर विवादों के केंद्र में आ गई है। दर्शकों के साथ-साथ फिल्म के प्रशंसकों ने भी इस कदम पर हैरानी जताई है।

फिल्म को 3 जुलाई की रात ओटीटी प्लेटफॉर्म ZEE5 पर ‘सतलज’ नाम से रिलीज किया गया था। हालांकि, अचानक इसे भारत में उपलब्ध सूची से हटा दिया गया। प्लेटफॉर्म की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि फिल्म को अगले आदेश तक भारत में स्ट्रीमिंग से हटाया गया है। इस निर्णय के पीछे विस्तृत कारण सार्वजनिक नहीं किए गए हैं।

बताया जा रहा है कि यह फिल्म पिछले लगभग तीन वर्षों से सेंसर संबंधी विवादों में उलझी हुई थी। फिल्म के विषय और संवेदनशील कंटेंट को लेकर इसे थिएटर रिलीज की मंजूरी नहीं मिल सकी। इसके बाद मेकर्स ने इसका नाम बदलकर ओटीटी पर रिलीज करने का फैसला किया, लेकिन यहां भी इसकी उपलब्धता पर रोक लग गई।

फिल्म मानवाधिकार कार्यकर्ता जसवंत सिंह खालरा के जीवन पर आधारित है। खालरा ने 1990 के दशक में कथित तौर पर लापता हुए हजारों सिख युवकों के मामलों को उजागर करने का अभियान चलाया था। उन्होंने उन मामलों पर सवाल उठाए थे, जिनमें बिना पर्याप्त सबूत लोगों को आतंकवादी बताकर फर्जी मुठभेड़ों में मारे जाने के आरोप लगाए गए थे। बाद में उनका भी अपहरण और हत्या कर दिए जाने का मामला व्यापक चर्चा में रहा।

फिल्म में दिलजीत दोसांझ ने जसवंत सिंह खालरा की भूमिका निभाई है। रिलीज के बाद सोशल मीडिया पर कई दर्शकों ने फिल्म की भावनात्मक प्रस्तुति की सराहना की और इसे देखने की अपील की। वहीं, फिल्म के भारत में हटाए जाने के बाद दिलजीत दोसांझ ने भी अपनी नाराजगी जाहिर की है।

फिल्म को हटाए जाने के फैसले ने अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता, सेंसरशिप और संवेदनशील ऐतिहासिक विषयों पर आधारित फिल्मों के प्रदर्शन को लेकर नई बहस छेड़ दी है। अब दर्शकों और फिल्म जगत की नजर इस बात पर है कि फिल्म को भारत में दोबारा स्ट्रीमिंग की अनुमति कब और किन शर्तों पर मिलेगी।