नर्मदापुरम में ‘अपराजिता अभियान’ की शुरुआत, बालिकाओं को आत्मरक्षा और शिक्षा के प्रति किया गया जागरूक

नर्मदापुरम | बालिकाओं को सुरक्षित, शिक्षित और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में नर्मदापुरम में “बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ” योजना के तहत ‘अपराजिता अभियान’ का शुभारंभ किया गया। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में छात्राओं को आत्मरक्षा के गुर सिखाने के साथ शिक्षा के महत्व और महिला सुरक्षा के प्रति जागरूक किया गया।

कलेक्टर सोमेश मिश्रा एवं जिला कार्यक्रम अधिकारी संजय कुमार जैन के मार्गदर्शन में आयोजित यह कार्यक्रम शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक शाला, जुमेराती में संपन्न हुआ। कार्यक्रम का उद्देश्य बालिकाओं को आत्मविश्वासी, जागरूक और हर परिस्थिति का सामना करने के लिए सक्षम बनाना है।

कार्यक्रम के दौरान छात्राओं को “बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ” अभियान के उद्देश्यों की विस्तृत जानकारी दी गई। अधिकारियों ने बताया कि ‘अपराजिता अभियान’ का मुख्य लक्ष्य बालिकाओं को शिक्षा, सुरक्षा और आत्मरक्षा के प्रति जागरूक कर उन्हें सशक्त बनाना है।

इस अवसर पर खेल प्रशिक्षक श्रीमती रोशनी सोनकर ने छात्राओं को आत्मरक्षा के व्यावहारिक प्रशिक्षण दिए। उन्होंने कराटे के मूलभूत दांव-पेंच सिखाते हुए बताया कि विपरीत परिस्थितियों में घबराने के बजाय सूझबूझ और आत्मविश्वास के साथ अपनी सुरक्षा कैसे की जा सकती है। प्रशिक्षण के दौरान छात्राओं ने भी उत्साहपूर्वक आत्मरक्षा के अभ्यास में भाग लिया।

कार्यक्रम में परियोजना अधिकारी श्रीमती प्रीति यादव, महिला एवं बाल विकास विभाग की पर्यवेक्षक श्रीमती चंद्रकला विंडैया एवं श्रीमती अनीता शर्मा, विद्यालय की प्रभारी प्राचार्य श्रीमती छाया, खेल शिक्षिका श्रीमती कविता सिंह, शिक्षिका मंजू पाठक सहित विद्यालय का समस्त स्टाफ और बड़ी संख्या में छात्राएं उपस्थित रहीं।

महिला एवं बाल विकास विभाग ने बताया कि ‘अपराजिता अभियान’ के तहत जिले के विभिन्न विद्यालयों में चरणबद्ध तरीके से आत्मरक्षा प्रशिक्षण, जागरूकता कार्यक्रम और प्रेरक गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा, ताकि बालिकाएं आत्मनिर्भर बनकर अपने अधिकारों और सुरक्षा के प्रति सजग रह सकें।