
मुरैना। मध्यप्रदेश के चंबल संभाग में प्रशासनिक स्तर पर बड़ी कार्रवाई सामने आई है। संभाग आयुक्त द्वारा जारी आदेश के अनुसार श्योपुर जिले में पदस्थ एक तहसीलदार को गंभीर आरोपों के चलते निलंबित कर दिया गया है।
क्या है मामला
जिला कलेक्टर श्योपुर की ओर से प्राप्त प्रतिवेदन के आधार पर यह कार्रवाई की गई। जानकारी के अनुसार तहसीलदार पर शासकीय कार्यों में अनियमितता, आर्थिक गड़बड़ी और आपराधिक कृत्यों में संलिप्तता के आरोप सामने आए थे।
प्रकरण में संबंधित अधिकारी के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया, जिसमें धोखाधड़ी और भ्रष्टाचार से जुड़े गंभीर आरोप शामिल हैं। पुलिस द्वारा गिरफ्तारी के बाद उन्हें न्यायालय में पेश किया गया, जहां से न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
निलंबन का आदेश
संभाग आयुक्त ने मामले को गंभीर मानते हुए मध्यप्रदेश सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम, 1966 के तहत तहसीलदार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय निर्धारित किया गया है और उन्हें नियमानुसार भत्ता दिया जाएगा।
आगे की कार्रवाई जारी
प्रशासन ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए हैं कि मामले की विस्तृत जांच कर शीघ्र रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। साथ ही, दोष सिद्ध होने पर कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन में मचा हड़कंप
इस कार्रवाई के बाद राजस्व विभाग में हड़कंप की स्थिति बन गई है। माना जा रहा है कि शासन भ्रष्टाचार और अनियमितताओं के मामलों में सख्त रुख अपनाते हुए लगातार ऐसी कार्रवाई कर सकता है।
यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है और मामले की निगरानी उच्च स्तर पर की जा रही है।